सर्दी के मौसम में उगाई जाने वाली अधिकांश फसलें सर्दियों में पड़ने वाले पाले एवं सर्दी से प्रभावित होती है| सब्जी और फल इस पाले के प्रति संवेदनशील होते है, जबकि खाद्यान्न फसलें अपेक्षाकृत कम प्रभावित होती है| पाला पड़ने से फसलों को आंशिक या पूर्ण रूप से हानि पहुंचती है| जबकि अत्यधिक पाले एवं [Read More] …
Agriculture
गन्ने में भरपूर पैदावार के लिए न होने दें लौह तत्व की कमी
गन्ने की बढ़वार के लिए 17 पोषक तत्वों की आवश्यकता होती है, जिनमें लोहा भी एक तत्व है| लगातार सघन खेती और खादों के असंतुलित प्रयोग से भारत की भूमि में जैविक पदार्थ एवं आवश्यक सूक्ष्म पोषक तत्व जैसे लोहे की कमी हो रही है| गन्ने की अधिक उपज प्राप्त करने के लिएआवश्यक पोषक तत्व [Read More] …
जौ के प्रमुख रोग की रोकथाम कैसे करें | जौ फसल में रोग नियंत्रण
जौ हमारे देश के शुष्क व अर्द्धशुष्क क्षेत्रों में उगाई जाने वाली प्रमुख रबी फसलों में से एक है| इसे कम पानी एवं नमकीन भूमि में उगाया जा सकता है| जौ फसल को मुख्य रूप से पशुओं को दाने के रूप में खिलाया जाता है| लेकिन अब माल्ट उद्योगों के स्थापित होने से उद्योग जगत [Read More] …
बासमती धान में बकानी रोग की रोकथाम | बकानी रोग क्या है?
धान भारतवर्ष की प्रमुख खाद्यान्न फसल है| देश के कृषि योग्य भूमि के 30 प्रतिशत हिस्से में धान की खेती होती है| बासमती धान की खेती से अधिक लाभ के कारण, बासमती धान के उत्पादन में एक महत्वपूर्ण बदलाव देखने को मिला है| अपने अद्भुत गुणों एवं दानों की पकने की गुणवत्ता के कारण अन्तर्राष्ट्रीय [Read More] …
क्षारीय एवं लवणीय मिट्टी में पोषक तत्वों का प्रबंधन कैसे करें?
क्षारीय एवं लवणीय मिट्टी प्राचीन समय से ही भारत में ऊसर (बंजर) या रेह के नाम से जानी जाती है| आज से लगभग 157 वर्ष पहले, नहर द्वारा सिंचाई शुरू होने के उपरान्त से इस समस्या की गम्भीरता को महसूस किया गया, पहली बार एक किसान ने सरकार का ध्यान इस समस्या की ओर आकर्षित [Read More] …
गेहूं की उत्तम पैदावार के लिए मैंगनीज का प्रबंधन कैसे करें?
गेहूं की उत्तम पैदावार के लिए मैंगनीज का प्रबंधन, हमारे देश में गेहूं, धान के बाद दूसरी सबसे महत्वपूर्ण खाद्यान्न फसल है| भारत में आज कुल 8.59 करोड़ टन से अधिक गेहूं का उत्पादन हो रहा है| गेहूं की औसत उत्पादन 28.0 क्विंटल प्रति हेक्टेयर है, जो कि अनुसंधान संस्थानों के फार्मों पर प्राप्त तथा [Read More] …





