अरंडी वानस्पतिक तेल प्रदान करने वाली खरीफ की एक मुख्य व्यवसायिक फसल है| अरंडी (Castor) के तेल का उपयोग साबुन, रंग, वार्निश, कपड़ा रंगाई उद्योग, हाइड्रोलिक ब्रेक तेल, प्लास्टिक, चमड़ा उद्योग में होता है| अरण्डी की पत्तियां रेशम के कीटों को पालने व हरी खाद बनाने में काम आती हैं| खली खाद के रूप में [Read More] …
राजमा की खेती: किस्में, बुवाई, पोषक तत्व, सिंचाई, देखभाल, पैदावार
राजमा की खेती (Farming of French bean) रबी ऋतु में की जाती है| राजमा को फ्रेंच बीन कहते है| इसकी खेती सब्जी और दाना के लिए की जाती है| स्वाद और सेहत के लिहाज से राजमा की फलियां (बीन्स) सबसे महत्वपूर्ण होती है, और इसकी जायकेदार सब्जी प्रायः सभी लोग बेहद पसंद करते है| अधिक [Read More] …
परवल की खेती: किस्में, बुवाई, पोषक तत्व, सिंचाई, देखभाल, पैदावार
परवल की खेती कद्दू वर्गीय सब्जी की फसलो में आती है, इसकी खेती बहुवर्षीय की जाती है| परवल की खेती (Parwal farming) ज्यादातर पूर्वी उत्तर प्रदेश, बिहार, पश्चिम बंगाल में की जाती है| परवल अत्यन्त ही सुपाच्य, पौष्टिक, स्वास्थ्यवर्धक एंव औषधीय गुणों से भरपूर एक लोकप्रिय सब्जी है| परवल शीतल, पित्तानाशक, हृदय एंव मूत्र सम्बन्धी [Read More] …
मेथी की खेती: किस्में, बुवाई, पोषक तत्व, सिंचाई, देखभाल, पैदावार
बीजीय मसाला फसलों में क्षेत्रफल और उत्पादन के दृष्टिकोण से मेथी (Fenugreek) का तीसरा स्थान आता है| भारत में राजस्थान व गुजरात मुख्य मेथी उत्पादक राज्य है| जिसमें राजस्थान अकेला देश का 80 फीसदी से ज्यादा मेथी उत्पादन करता है| वानस्पतिक रुप से यह फसल एकवर्षीय शाकीय पादप की श्रेणी में आती है, जो दोहरे [Read More] …
सूरजमुखी की खेती: किस्में, बुवाई, पोषक तत्व, देखभाल, पैदावार
सूरजमुखी की खेती (Farming of sunflower) खरीफ, रबी एवं जायद तीनो ही मौसमों में की जा सकती है| परन्तु खरीफ में सूरजमुखी पर अनेक रोग कीटों का प्रकोप होता है, फूल छोटे होते है, तथा उनमें दाना भी कम पड़ता है| जायद में सूरजमुखी की खेती से अच्छी उपज प्राप्त की जा सकती है| कहा [Read More] …
तोरई की खेती: किस्में, बुवाई, पोषक तत्व, सिंचाई, देखभाल, पैदावार
तोरई की खेती पुरे भारत में की जाती है| लेकिन तोरई की खेती (Ridge gourd farming) मुख्य उत्पादक राज्य केरल, उड़ीसा, कर्नाटक, बंगाल और उत्तर प्रदेश है| यह बेल पर लगने वाली सब्जी होती है| इसकी सब्जी की भारत में छोटे कस्बों से लेकर बड़े शहरों में बहुत मांग है| क्योंकि यह अनेक प्रोटीनों के [Read More] …





