भारत में आम की अनेकों किस्में हैं, लेकिन व्यावसायिक स्तर पर अधिक क्षेत्रफल में उगायी जाने वाली किस्मों की संख्या कम है| विभिन्न किस्मों की कृषि पारिस्थितिकी में आवश्कताएं भी भिन्न-भिन्न हैं| उत्तर भारत की लोकप्रिय व्यावसायिक आम की किस्में दशहरी, लंगड़ा, चौसा तथा मल्लिका के पौधों को पश्चिमी समुद्र द्वीप वाले भागों में लगाने [Read More] …
आम की खेती: किस्में, रोपाई, पोषक तत्व, सिंचाई, देखभाल, पैदावार
हमारे देश में उत्पादित किये जाने वाले फलों में आम का अग्रणी स्थान है| अद्वितीय स्वाद, मनमोहक खुशबू, आकर्षक रंग तथा आकार, क्षेत्र एवं जलवायु के अनुकूल उत्पादन क्षमता, पोषक तत्वों की प्रचुरता, व्यावसायिक किस्मों की उपलब्धता और जनसाधारण में लोकप्रियता के कारण इसे फलों के राजा की संज्ञा दी गयी है| कभी राजाओं और [Read More] …
चमेली की खेती: किस्में, बुवाई, पोषक तत्व, सिंचाई, देखभाल, पैदावार
चमेली की खेती (Jasmine farming) एक महत्वपूर्ण फूल की फसल है, जो व्यापारिक स्तर पर पूरे भारत में हर स्थान पर की जाती है| चमेली की खेती (Jasmine farming) का पौधा 10 से 15 फीट की ऊंचाई तक पहुंच जाता है| इसके सदाबाहार पत्ते किस्म के आधार पर 2 से 3 इंच लम्बे, हरे, तना [Read More] …
लोबिया की खेती: किस्में, बुवाई, पोषक तत्व, सिंचाई, देखभाल, पैदावार
लोबिया की खेती (Cultivation of cowpea) दाल, सब्जी, हरी खाद और चारे के लिए पुरे भारत में की जाती है| यह अफ्रीकी मूल की फसल है| लोबिया की खेती सूखे को सहने और जल्दी पकने वाली फसल है| यह मिट्टी में नमी बनाए रखने में मदद करती है| लोबिया प्रोटीन, कैल्शियम और लोहे का मुख्य [Read More] …
गेंदा की खेती: किस्में, बुवाई, पोषक तत्व, सिंचाई, देखभाल, पैदावार
गेंदा की खेती हमारे देश में लगभग हर क्षेत्र में की जाती है| यह बहुत महत्तवपूर्ण फूल की फसल है| क्योंकि इसका उपयोग व्यापक रूप से धार्मिक और सामाजिक कार्यों में किया जाता है| गेंदे की खेती व्यवसायिक रूप से केरोटीन पिगमेंट प्राप्त करने के लिए भी की जाती है| इसका उपयोग विभिन्न खाद्य पदार्थों [Read More] …
ग्लेडियोलस की खेती: वैज्ञानिक तकनीक से अधिक लाभ की जानकारी
ग्लेडियोलस एक बहुत ही महत्वपूर्ण एवं लोकप्रिय पुष्पीय तथा एक वर्षीय पौधा है। जो मुख्य रूप से घरेलु और अन्तर्राष्ट्रीय बाजारों में कटे फूलों के रूप में प्रसिद्ध है। कन्दीय फूलों में ग्लेडियोलस को क्वीन (कन्दीय फूलों की रानी) कहा जाता है। आकर्षित फूल घरेलू तथा अन्तर्राष्ट्रीय खास कर यूरोपीय देशों में इसकी शरद ऋतु [Read More] …





