आप सभी बन्धु जानते है की हम प्राचील काल से ही कृषि प्रधान देश रहा है| जौ की फसल उत्तर भारत के अधिकांश प्रदेशों में उगाई जाती है| कीटों, रोगों और सूत्रकृमियों के कारण जौ में 10 से 30 प्रतिशत तक उत्पादन की हानि हो जाती है| जिससे दाना और बीज की गुणवत्ता भी खराब [Read More] …
सस्य क्रियाओं द्वारा कीट नियंत्रण: लागत कम और उत्पादन अधिक
सस्य क्रियाओं द्वारा कीट नियंत्रण, किसान अपना उत्पादन तथा आमदनी बढ़ाने के लिए फसल उत्पादन की समरत विधियों में तकनीकों का उपयोग करता है| इसके अन्तर्गत फसल की किस्म, बुआई का समय एवं विधि, भू–परिष्करण, खेत और खेती की स्वच्छता, उर्वरक प्रबंधन, जल प्रबंधन, खरपतवार प्रबंधन, कीट प्रबंधन और कटाई का समय आदि का समावेश [Read More] …
समेकित कृषि प्रणाली क्या है? इसे कैसे बढ़ सकती है किसानों की आय
समेकित कृषि प्रणाली, भारत में कृषि योग्य भूमि के औसत आकार में निरंतर गिरावट आ रही है, जो एक खतरे का संकेत है| छोटे किसान खेती से होने वाले आय से अपनी आवश्यकताओं की पूर्ति कर पाने में असमर्थ हैं| आकड़ों के अनुसार भारत की आधी से ज्यादा जनसख्या निर्धन है, यह रिस्थति दिन-प्रतिदिन गंभीर [Read More] …
गिनिया फॉल पालन व्यवसाय: आय बढ़ाने का स्मार्ट तरीका
अन्य पक्षी पालन जैसे कुक्कुट पालन, बटेर पालन, टर्की पालन की तरह गिनिया फॉल (Guinea fowl) पालन भी लाभकारी है और इनका रखरखाव और अन्य प्रबंधन भी अन्य दूसरे पालन की तरह ही है। गिनिया फॉल का मांस अन्य दूसरे पक्षियों से ज्यादा स्वादिष्ट माना जाता है। इसे विशेषकर पश्चिमी अफ्रीका के जंगली गिनिया फॉल’ [Read More] …
मिर्च में लगने वाले रोग और उनका नियंत्रण; जाने बचाव के उपाय
मसाले वाली फसलों में मिर्च एक महत्त्वपूर्ण फसल है, जिसकी खेती लगभग पुरे में की जाती है| लेकिन मिर्च में कई प्रकार के रोगों का प्रकोप होता है, जिससे पैदावार बहुत कम हो जाती है| अगर किसान भाई समय पर इन रोगों की पहचान करके उनकी रोकथाम कर लें, तो अधिक उत्पादन प्राप्त कर सकते [Read More] …
सर्रा रोग से पशुओं को कैसे बचाएं: लक्षण, पहचान और इलाज
सर्रा का वास्तविक अर्थ है “सडा हुआ” क्योंकि इस बीमारी से पशु धीरे-धीरे कमजोर तथा अक्षम्य होते चले जाते है। यह रोग खून में पाए जाने वाले परजीवी ‘‘ट्रिपनोसोमा इवान्साइ” द्वारा होती है। यह जानवरों की खतरनाक बीमारियों में से है, जो कि किसानों या पशुपालकों को काफी आर्थिक हानि पहुंचाती है। यह बीमारी गाय, [Read More] …





