कद्दू वर्गीय सब्जियाँ गर्मी और वर्षा के मौसम की महत्वपूर्ण फसलें हैं| पोषण की दृष्टि से ये बहुत ही महत्वपूर्ण हैं, क्योंकि इनमें बहुत ही आवश्यक विटामिन, खनिज तत्व पर्याप्त मात्रा में पाए जाते हैं, जो हमें स्वस्थ रखने में सहायक सिद्ध होते हैं| कद्दू वर्गीय सब्जियों की उन्नत किस्में खीरा- पोइंसेट, जापानीज लोंग ग्रीन, [Read More] …
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हरी खाद उगाकर मिट्टी की उपजाऊ शक्ति को बढ़ाएं
मिट्टी की उपजाऊ शक्ति को बनाये रखने के लिए हरी खाद एक सस्ता और अच्छा विकल्प है| सही समय पर फलीदार पौधे की खड़ी फसल को मिट्टी में ट्रेक्टर से हल चला कर दबा देने की प्रतिक्रिया को हरी खाद कहते हैं| इस लेख में किसान भाइयों की जानकारी के लिए इस खाद के लाभ [Read More] …
राइजोबैक्टीरिया का उपयोग मृदा स्वास्थ्य सुधार हेतु कैसे करें
राइजोबैक्टीरिया का उपयोग, वर्तमान में कृषि में हो रहे रासायनिक उर्वरकों तथा कीटनाशकों के अधांधुध प्रयोग ने पैदावार में वृद्धि के साथ-साथ कई स्वास्थ्य और पर्यावरण समस्याओं को जन्म दिया है| पंजाब के मालवा क्षेत्र में इसका प्रत्यक्ष उदाहरण देखा जा सकता है| जहां कृषि में हो रहे रसायनिक उर्वरकों और कीटनाशकों के प्रयोग ने [Read More] …
जड़ वाली सब्जियों के बीज का उत्पादन कैसे करें: जाने उत्तम विधि
जड़ वाली सब्जियों के बीज उत्पादन के लिए इन सब्जियों को दो अलग-अलग समूहों में बांटा गया है| एशियाटिक या उष्णकटिबंधीय समूह और युरोपियन या शीतोष्ण समूह| युरोपियन समूह में शीतकालीन किस्में आती है, जिनका बीज उत्पादन पहाड़ी इलाकों में ही सभंव होता है| जबकि मूली, शलगम व गाजर की अर्द्धउष्णीय या एशियाटिक किस्मों का [Read More] …
जड़ वाली सब्जियों की खेती: किस्में, बुवाई, देखभाल और उत्पादन
जड़ वाली सब्जियों में मूली, शलगम, गाजर और चुकंदर प्रमुख है| इनकी खनिज क्रियाओं में पर्याप्त समानता है, ये ठंडे मौसम की फसलें है और सभी भूमिगत होती है| जड़ वाली सब्जियों में हमें पौष्टिक तत्व, शर्करा, सुपाच्य रेशा, खनिज लवण, विटामिन्स एवं कम वसा प्राप्त होती है| इन जड़ वाली सब्जियों का उपयोग सब्जी [Read More] …
अमरूद के बागों में एकीकृत पोषक तत्व प्रबंधन कैसे करें
अमरूद के बागों या पौधों से नियमित और अच्छी उपज लेने के लिए यह आवश्यक होता है, कि उन्हें स्वस्थ और अच्छी हालत में रखा जाये| किसी भी पौधे को स्वस्थ रखने के लिए अनेक बातों का ध्यान रखना पड़ता है, जैसे- मिट्टी को अच्छी दशा में रखना जिससे उसकी उर्वरता दीर्घकाल तक बनी रहे, [Read More] …





